How technology plays a central role in Indian Railways

लॉकडाउन और कोरोना वायरस के कारण पिछले 6 महीने से रेलवे सेवा बंद है. वहीं आने वाले समय में भी रेल सेवा शुरू होने की कोई संभावना नहीं है. इसी बीच सोशल मीडिया पर एक मैसेज वायरल हो रहा है. वायरल मैसेज में कहा जा रहा है कि रेलवे अब अपने कर्मचारियों को सैलरी पर रोक लगा देगा.

क्या है मैसेज में– वायरल मैसेज में लिखा है कि रेलवे ने आर्थिक संकट को देखते हुए साल 2021 तक रेलवे के कर्मचारियों को वेतन और पेंशन नहीं देने का फैसला किया है. वहीं इस वायरल मैसेज को पीआईबी की टीम ने फेक्ट चेक किया है. 

पीआईबी फेक्ट चेक– सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इस मैसेज को पीआईबी टीम ने फेक्ट चेक किया है. फेक्ट चेक टीम ने पाया कि रेलवे द्वारा इस तरह का कोई फैसला नहीं लिया है. यानी सोशल मीडिया पर वायरल यह मैसेज फेक है और सरकार द्वारा रेलवे कर्मचारियों के वेतन और पेंशन में कोई कटौती नहीं की गई है.

1.78 करोड़ टिकट रद्द– रेलवे ने कोरोना वायरस महामारी के कारण इस साल मार्च से 1.78 करोड़ से ज्यादा टिकट रद्द किए और 2727 करोड़ रुपये की रकम वापस की गयी. सूचना का अधिकार (आरटीआई) के तहत मिले जवाब के मुताबिक इस दौरान रेलवे ने 1,78,70,644 टिकट रद्द किए. हाल ही में किए गये एक आरटीआई से इस बात का खुलासा हुआ है.

बता दें कि रेलवे सेवा जल्द शुरू होने वाली है. वहीं देश के बड़े रेलवे स्टेशनों से ट्रेन की यात्रा महंगी होने की संभावना है, क्योंकि यात्रियों को हवाई अड्डों की तर्ज पर स्पेशल चार्ज का भुगतान करना होगा. सूत्रों के हवाले से मीडिया में आ रही खबरों के अनुसार, भारतीय रेलवे की ओर से जल्द ही टिकटों के साथ-साथ प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर यूजर्स डेवलपमेंट फी (यूडीएफ) की वसूली की जाएगी. सूत्रों ने यह भी बताया कि रेल मंत्रालय की ओर से देश के बड़े रेलवे स्टेशनों पर यूडीएफ लगाने की अधिसूचना जारी किए जाने की उम्मीद है.