What is the Significance of Images on Indian Currency? -

शनिवार को आधिकारिक प्रवक्ता ने ये जानकारी देते हुए बताया कि उपराज्यपाल ने शुक्रवार को शपथ लेने के बाद देर शाम यहां सिविल सचिवालय में प्रशासनिक सचिवों के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की।

जम्मू और कश्मीर के सभी सरकारी कर्मचारियों को शनिवार को बड़ी खुशखबरी मिली। नवनियुक्त उप-राज्यपाल मनोज सिन्हा से इस साल हर कर्मचारी को 25,000 रुपये की यात्रा भत्ता (Travelling Allowance) देने को मंजूरी दी है। यह जानकारी जम्मू और कश्मीर सरकार ने शनिवार को वहां के प्रिंसिपल सेक्रेट्री (उर्जा और सूचना) रोहित कंसल ने दी।

नए एलजी का यह ऐलान दो मायनों में अहम माना जा रहा है। पहला- उन्होंने यह कदम कोरोना काल के बीच लिया। एक ओर जहां सूबे और सरकारें आर्थिक संकट से जूझ रही हैं। वहीं, सिन्हा ने संभवतः कर्मचारियों के हित को ध्यान में रखते हुए इस चीज को मंजूरी दी।

दूसरा कारण यह है कि 25 हजार रुपए का यह यात्रा भत्ता हर किसी को मिलेगा। फिर चाहे किसी कर्मचारी ने यात्रा की हो या नहीं। आपको बता दें कि सिन्हा ने हाल ही में गिरीश चंद्र मुर्मू के स्थान पर केंद्र शासित प्रदेश के एलजी बनाए गए हैं, जबकि मुर्मू को नियंत्रक एवं महालेख परीक्षक नियुक्त किया गया है।

LG ने भ्रष्टाचार के प्रति ‘जीरो टॉलरेंस’ और युवा केंद्रित नीतियों पर दिया जोरः उपराज्यपाल सिन्हा ने अपने शासन के मॉडल की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए केंद्र शासित प्रदेश में भ्रष्टाचार के प्रति कतई बर्दाश्त नही करने की नीति अपनाने पर जोर दिया है। उन्होंने इसके साथ ही युवा केंद्रित कार्यक्रमों को बढ़ावा देने का आह्वान किया है।

शनिवार को आधिकारिक प्रवक्ता ने ये जानकारी देते हुए बताया कि उपराज्यपाल ने शुक्रवार को शपथ लेने के बाद देर शाम यहां सिविल सचिवालय में प्रशासनिक सचिवों के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की।

उन्होंने बताया कि सिन्हा ने भ्रष्टाचार के प्रति कतई बर्दाश्त नही करने की नीति अपनाने, युवा-केंद्रित कार्यक्रमों और नीतियों को बढ़ावा देने, जनता तक पहुंचने, ग्रामीण क्षेत्रों में संपर्क-प्रणाली को मजबूत करने, स्वास्थ्य सेवा प्रणाली को मजबूत करने, राजधानी शहरों जम्मू और श्रीनगर के आधुनिकीकरण, लंबित परियोजनाओं को जल्द पूरा करने, जन शिकायतों के निवारण और सार्वजनिक सेवा वितरण प्रणाली में सुधार पर जोर दिया।

सिन्हा ने कहा कि न्यायसंगत व सम्पूर्ण विकास के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए आजीविका कार्यक्रमों के माध्यम से समाज के सभी वर्गों के उत्थान और गरीबी उन्मूलन वर्तमान सरकार का मुख्य एजेंडा है। उपराज्यपाल ने पारंपरिक और प्राचीन शिल्पों की बहाली का भी आह्वान किया जिनकी बाजार में भारी मांग है।

प्रवक्ता ने कहा कि उन्होंने विकास को नए आयाम देने के लिए पुरानी कई परियोजनाओं के पुनरुद्धार के लिए दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए, सिन्हा ने अधिकारियों से इस क्षेत्र के पर्यटन केंद्रों में और स्थलों को जोड़ने के लिए झीलों और अन्य पर्यटक केंद्रों को पुनर्जीवित करने के लिए व्यापक उपाय करने को कहा है।

उपराज्यपाल ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के लोगों को सरकार से बहुत अधिक उम्मीदें हैं और लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए लोगों के कल्याण के लिए विभिन्न मोर्चों पर सभी अपेक्षित उपाय किए जाने का आह्वान किया।