More trouble ahead for rupee. Read why

केंद्रीय कर्मचारियों के लिए यह बड़ी खुशखबरी है। निश्चित पदों एवं दायरे के कर्मचारियों के लिए सरकार ने एडवांस और डबल इंक्रीमेंट की घोषणा की है। यदि वे निर्धारित मापदंडों पर खरे उतरते हैं तो उन्‍हें जर्बदस्‍त फायदा मिलेगा। केंद्र सरकार ने हाल ही में नाइट ड्यूटी करने वाले कर्मचारियों के लिए भत्‍ता बढ़ाया था, अब नए आदेश के चलते कुछ कर्मचारियों को एक और बड़ी राहत दी गई है। सरकार ने स्‍टेनोग्राफर्स के लिए वेतनवृद्धि की सौगात दी है। इस संबंध में आदेश जारी कर दिए गए हैं। नए नियमों के अनुसार वे स्‍टेनोग्राफर्स जिनकी नियुक्ति शार्ट हैंड स्‍पीड 80 शब्‍द प्रति मिनट के आधार पर की गई थी, उन्‍हें अब 100 शब्‍द प्रति मिनट के मापदंड के आधार पर एडवांस इंक्रीमेंट दिया जाएगा।

यदि कोई स्‍टेनोग्राफर 120 शब्‍द प्रति मिनट के शार्ट हैंड टेस्‍ट को पास कर लेता है तो उन्‍हें सीधे डबल एडवांस इंक्रीमेंट का लाभ दिया जाएगा। यह स्‍पीड टेस्‍ट आधिकारिक रूप से विभागीय अधिकारियों द्वारा आयोजित किया जाएगा। नए नियमों में यह भी प्रावधान है कि यदि किसी स्‍टेनोग्राफर की नियुक्ति 80 शब्‍द प्रति मिनट की गति से शार्ट हैंड टेस्‍ट के आधार पर की गई है, और वह सीधे 120 शब्‍द प्रति मिनट के टेस्‍ट को पास कर लेता है तो उसे भी दो एडवांस इंक्रीमेंट का लाभ मिलेगा। केंद्रीय कार्मिक प्रशिक्षण मंत्रालय (Department of Personnel and Training (DoPT)) द्वारा जारी आदेश के अनुसार यह स्‍पीड टेस्‍ट विभागीय अधिकारियों द्वारा आयोजित किया जाएगा। 

मूल वेतन में जुड़ेगा एडवांस इंक्रीमेंट जहां तक एडवांस इंक्रीमेंट की राशि की बात है, यह मूल वेतन यानी बेसिक पे के तौर पर अतिरिक्‍त रूप से जोड़ा जाएगा और इसे समस्‍त भुगतान संबंधी प्रक्रिया, आदेश, नियमों के रूप में शामिल किया जाएगा। जब यह एडवांस इंक्रीमेंट खातों में भुगतान के निर्धारण, प्रमोशन, पदोन्‍नति, MACP के अनुदान पर हॉयर स्‍केल यानी उच्‍चतम वेतनमान की स्‍थापना या वेतन स्‍तर के पुर्ननिर्धारण, संशोधन, वेतन संरचना आदि के आधार पर तय हो जाएगी तो इसे सेपरेट एलीमेंट यानी किसी पृथक व्‍यवस्‍था के तौर पर नहीं माना जाएगा।

हाल ही में की गई रात्रि ड्यूटी भत्ते में वृद्धि इससे पहले हाल ही में केंद्र सरकार ने नाइट ड्यूटी करने वाले कर्मचारियों के भत्ते में बढ़ोतरी की घोषणा की थी। यह 1 जुलाई, 2017 से लागू होगी।

इस आदेश में रात की ड्यूटी को रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक के समय को माना गया है। इसमें कहा गया है कि यह राशि उस मूल वेतन पर आधारित होगी जो एक कर्मचारी रात की ड्यूटी करने की तारीख तक अर्जित करता है। आदेश के अनुसार (बीपी + डीएआई / 2001) के बराबर एनडीए यानी नाइट ड्यूटी अलाउंस प्रति घंटा दर का भुगतान किया जाएगा और एनडीए दरों की गणना के लिए मूल वेतन और डीए मूल वेतन और डीए 7 वीं सीपीसी के अनुसार मान्‍य होगा। आदेश में खास तौर पर कहा गया कि विशेष ग्रेड पे वाले सभी कर्मचारियों को एनडीए की समान दर देने की मौजूदा नियमावली को बंद किया जाना चाहिए।