Z-11 02510112020-Adm.l
Government of India I Bharat Sarkar
Ministry of Labour/Shram Mantralaya
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Shram Shakti Bhawan, Rafi Marg,
New Delhi, Dated 4 th May, 2020

OFFICE MEMORANDUM

Subject: – Payment of Transport Allowance for the month of April 2020- reg.
The undersigned is directed to say that to consider the payment /settlement of Transport Allowance for the month of April 2020, all the officers /officials claiming TA are requested to furnish information in the prescribed proforma by 14.05.2020, with the approval of their concerned Bureau Head.


2. In case the duly filled in proforma is not submitted by any officer/ official by the prescribed date, it will be presumed that the concerned officer has not attended office even for one day in the month of April 2020 and TA will be settled accordingly.



(C.S.Rao)
Under Secretary to the Government of India
Tele: 23766903

1. All officers/officials/consultants of the Ministry
2. Concerned Bureau Heads I Divisional Heads may endorse a copy of this OM to the Attached /Subordinate /Autonomous Bodies under their charge for similar action.
3. All officers- with a request to bring the contents of this OM to the notice of their subordinates.
4. Director (IT)- with a request to post this OM on the website of the Ministry.
Copy to:- DGE /CLC(C) for similar action.


PROFORMA TO BE SUBMITTED BY THE OFFICERS /OFFICIALS CLAIMING
TRANSPORT ALLOWANCE FOR THE MONTH OF APRIL, 2020
Name:
Designation:
Section/ Division:
Employee code:
Dates on which attended office in the month of April:-
Dates of which Govt. vehicle was availed for commuting to & from office:
Dates on which attended office by personal vehicle/ personal arrangement:
It is certify that the above information is correct and true to my best of knowledge.

Signature of the Govt. servant
Signature of the Divisional Head
Counter Signature of the Bureau Head

01.05.2020 को हमने खबर दी थी कि यातायात भत्ता भी कट सकता है:-

लॉकडाउन के दौरान ऑफिस नहीं गए केंद्र सरकार के कर्मचारियों का यातायात भत्ता वापस लेने के बारे में अभी केंद्र सरकार ने औपचारिक निर्णय नहीं लिया है‚ लेकिन कृषि मंत्रालय ने अपने कर्मचारियों का यात्रा भत्ता न देने का फैसला किया है। ॥

मंत्रालय ने उन कर्मचारियों के खिलाफ भी कार्रवाई करने की बात की है‚ जो बिना अनुमति के स्टेशन छोड़कर चले गए थे। केंद्र सरकार का नियम है कि यदि कोई कर्मचारी महीने में ३० दिन ऑफिस नहीं आता है तो उसे यातायात भत्ता नहीं मिलेगा। ॥ प्रधानमंत्री ने २४ मार्च को लॉकडाउन की घोषणा की थी। २६ मार्च से आपात सेवाओं को छोड़कर केंद्र सरकार के बाकी सभी दफ्तर बंद कर दिए गए। १४ अप्रैल से संयुक्त सचिव और उससे ऊपर के अधिकारियों को ऑफिस बुलाया गया और १५ अप्रैल से उपनिदेशक स्तर के सभी अधिकारियों को १००‡ हाजिरी के साथ और बाकी ३३‡ कर्मचारियों को रोस्टर ड्यूटी के आधार पर ऑफिस ज्वाइन करने को कहा गया। उपनिदेशक से लेकर संयुक्त सचिव तक के अधिकारी एक दिन छोड़कर ऑफिस जाने लगे‚ लेकिन उससे नीचे रैंक के कर्मचारियों को बहुत कम संख्या में ऑफिस बुलाया गया। ॥

वित्त मंत्रालय को अंतिम निर्णय लेना है कि कर्मचारियों को ट्रांसपोर्ट अलाउंस देना है या नहीं। वित्त मंत्रालय सूत्रों के अनुसार अभी कोई औपचारिक निर्णय नहीं हुआ है‚ लेकिन कृषि मंत्रालय ने निर्णय ले लिया है। मंत्रालय के चीफ कंट्रोलर ऑफ अकाउंट ने एक सर्कुलर जारी कर कहा है कि इस महीने ट्रांसपोर्ट अलाउंस नहीं दिया जाएगा और जिन लोगों को दे दिया गया है उनसे रिकवरी की जाएगी। ॥

मंत्रालय ने यह भी लिखा है कि जो कर्मचारी बिना अनुमति के स्टेशन छोड़कर बाहर चले गए थे‚ उनकी भी सूची बनाएं और उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। बहुत से कर्मचारी होली की छुट्टियों में दिल्ली छोड़ कर बाहर चले गए थे‚ लेकिन लॉकडाउन के कारण वापस नहीं आ पाए। इससे वह ड्यूटी ज्वाइन नहीं कर पाए ऐसे कर्मचारियों की भी लिस्ट तैयार की जा रही है। मालूम हो कि केंद्र सरकार के कर्मचारियों को वेतनमान के हिसाब से ४ से ८००० के बीच ट्रांसपोर्ट अलाउंस मिलता है॥


बिना बताए स्टेशन छोड़ने वालों के खिलाफ होगी कार्रवाई ॥ कृषि मंत्रालय ने अपने कर्मियों का यातायात भत्ता वापस लिया॥