केंद्रीय कर्मचारियों के महंगाई भत्ते (डीए) को भी डेढ़ साल के लिए रोक दिया गया है। हाल ही में केंद्रीय कर्मचारियों के डीए में चार फीसदी की बढ़ोत्तरी की गई थी। इस बढ़ोत्तरी के बाद कर्मचारियों का महंगाई भत्ता 17 फीसदी से 21 फीसदी हो गया था। वहीं कोरोना का संक्रमण लगातार बढ़ता जा रहा है। अबतक देशभर में इस बीमारी के 23 हजार से ज्यादा मामले सामने आ चुके हैं और 718 लोगों की मौत हो चुकी है।

महाराष्ट्र में सरकार कर्मचारियों को मार्च महीने की सैलरी की पहली किस्त ट्रांसफर करने के बाद दूसरी किस्त और अप्रैल महीने की पहली किस्त एकसाथ देने पर विचार किया जा रहा था लेकिन अब सरकार ने फैसला किया है कि अप्रैल महीने की सैलरी एक ही किस्त में दी जाएगी।

कोरोना संकट और लॉकडाउन के बीच महाराष्ट्र के सरकारी कर्मचारियों को अप्रैल महीने की सैलरी एक किस्त में मिलेगी। राज्य सरकार ने कर्मचारियों को दो किस्त में सैलरी देने के बजाय एक ही किस्त में पहुंचाने का फैसला किया है। इस बारे में एक प्रेस रिलीज भी जारी कर दी गई है। मार्च महीने की सैलरी की पहली किस्त सरकार ने जारी कर दी थी।

मार्च महीने की दूसरी किस्त और अप्रैल महीने की पहली किस्त एकसाथ देने पर विचार किया जा रहा था लेकिन अब सरकार ने फैसला किया है कि अप्रैल महीने की सैलरी एक ही किस्त में दी जाएगी। उद्धव सरकार ने प्रेस रिलीज में कहा है कि अलग-अलग किस्त बनाने के चलते प्रशासनिक मशीनरी और खजाने पर प्रत्येक 15 दिन में पे चेक जारी करने का बोझ पड़ रहा था ऐसे में अब वेतन एकबार में ही देने का फैसला किया गया है।

बता दें कि महाराष्ट्र सरकार ने कुछ सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों के वेतन में कटौती का भी फैसला किया है। सरकार ने क्लास वन और टू अधिकारियों के वेतन में 50 प्रतिशत जबकि क्लास थ्री के कर्मचारियों के वेतन में 25 प्रतिशत कटौती कर रही है। गौरतलब है कि अन्य राज्यों में भी कोरोना संकट के चलते राजस्व पर पड़ रहे भार के चलते कर्मचारियों की सैलरी पर ऐसे ही फैसले लिए गए हैं।