कोरोना वायरस के बढ़ते प्रकोप के चलते रेलवे भी अलर्ट हो गया है। अंबाला रेल मंडल ने 50 साल से अधिक आयु के कर्मचारियों व महिला कर्मचारियों को बिना मेडिकल के अवकाश प्रदान करने की छूट दी है। यदि उक्त आयु वर्ग के कर्मचारी या कोई महिला कर्मी अवकाश चाहती है, तो उसे मेडिकल देने की आवश्यकता नहीं है।

इसके अलावा रेलवे स्टेशनों पर खाना मुहैया करवाने और रिफंड के लिए भी अलग से व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए रेलवे ने दिशा निर्देश जारी कर दिए हैं। साथ ही कोरोना से बचाव के लिए भी उठाये जा रहे कदमों की फोटो भी शेयर करने हैं।








रेलवे अपनी कैटरिंग सेवा को सीमित करने जा रहा है। अंबाला मंडल के तहत आने वाले रेलवे स्टेशनों पर कांट्रेक्टर अथवा लाइसेंस धारक को एक ही कैटरिंग स्टाल अथवा ट्रॉली की इजाजत होगी। साथ ही निर्देश हैं कि स्टेशन पर सिर्फ पैकेट में ही खाना उपलब्ध कराया जाएगा। इसके अलावा स्टेशन पर खाना पकाने की इजाजत भी नहीं रहेगी। स्टेशन के बुकिंग काउंटरों को लेकर भी दिशानिर्देश जारी किए गए हैं।




इसके तहत भीड़ को देखते हुए काउंटरों को ऑपरेशन में लाया जाएगा। इसके अलावा जिन यात्रियों ने टिकट रिफंड करना है, उसके लिए अलग से काउंटर बनाया जाएगा। कोरोना को लेकर यह  निर्देश भी दिए गए हैं कि स्टेशनों पर वेंडरों की संख्या को कम किया जाएगा।

45 दिनों में ले सकते हैं रिफंड

टिकट कैंसिल करवाने वाले यात्रियों को रिफंड में भी राहत मिलेगी। ई-टिकट यदि कैंसल होता है, तो रिफंड के लिए स्टेशन पर आने की आवश्यकता नहीं है। मौजूदा समय में नियम है कि टिकट कैंसल के बाद रिफंड तीन दिनों में ही लिया जा सकता है। इसके बाद रिफंड नहीं मिलता।




अब कोरोना को लेकर रेलवे ने टिकट कैंसिल के लिए रिफंड देने के लिए 45 दिनों का समय दिया है। यानी यात्री 45 दिनों के भीतर कैंसल टिकट का रिफंड ले सकता है। इसी तरह जो यात्री 139 के माध्यम से टिकट रद्द करवाते हैं, उन्हें यात्रा की तारीख से 30 दिनों के भीतर रिफंड दिया जाएगा।