सातवाँ वेतन आयोग – सातवें वेतन आयोग के फैसले को बदला, इन केंद्रीय कर्मचारियों की काटी जाएगी सैलरी

महिला कर्मचारियों को अपनी पूरी नौकरी के दौरान ज्यादा से ज्यादा 730 दिन की चाइल्ड केयर लीव (CCL) दी जाती हैं। यह छुट्टियां तब तक ली जा सकती हैं जब तक की बच्चे की उम्र 18 साल नहीं हो जाती है।








रेलवे में नौकरी करने वालों के लिए रेलवे ने नियम बदल दिए हैं। नियम बदले जाने के बाद अब रेलवे में नौकरी करने वालों की छुट्टियां आधी कर दी गई हैं। दरअसल सातवें वेतन आयोग के तहत केंद्रीय कर्मचारियों को 730 दिन की छुट्टी देने का प्रवाधान किया गया था। यह छुट्टियां बच्चों की पढ़ाई और उनकी देखभाल के लिए दी जाती हैं। अब रेलवे ने इस नियम को बदल दिया है। रेलवे में काम करने वाली महिलाओं को इसके लिए केवल 365  दिन की ही छुट्टी मिलेगी। मतलब बच्चों की देखभाल के लिए मिलने वाली छुट्टियों को आधा कर दिया गया है।




अगर कोई कर्मचारी इससे ज्यादा छुट्टी लेता है तो उसकी सैलरी काटी जाएगी। हालांकि एक साल की छुट्टी के बाद छुट्टी लेने पर 20 फीसदी सैलरी काटी जाएगी। इसे लेकर रेलवे यूनियन विरोध कर रहे हैं। उनका कहना है कि यह नया आदेश नेशनल फेडरेशन ऑफ इंडियन रेलवे से बातचीत किए बिना लागू किया गया है। आपको बता दें कि 2019 तक महिला कर्मचारियों को अपनी पूरी नौकरी के दौरान ज्यादा से ज्यादा 730 दिन की चाइल्ड केयर लीव (CCL) दी जाती थीं। CCL तब तक ली जा सकती हैं जब तक की बच्चे की उम्र 18 साल नहीं हो जाती है। अच्छी नौकरी के लिए अंग्रेजी जरूरी है।




यह सुविधा उनके लिए भी थी जो सिंगल पुरुष कर्मचारी हैं। आपको बता दें कि सिंगल पुरुष कर्मचारी 6 बार में अपनी पूरी CCL ले सकते हैं। वहीं महिला कर्मचारी 3 बार में अपनी पूरी सीसीएल ले सकती हैं। आपको बता दें कि जो भी सिंगल पुरुष कर्मचारी हैं वह काफी लंबे समय से इसकी मांग कर रहे थे। तो छठे वेतन आयोग में इसकी सिफारिश की गई थीं।