रेल दुर्घटना की रोकथाम में अहम भूमिका निभानेवाले कर्मचारियों को रेलवे सम्मानित करती है। मंडल और मुख्यालय के साथ-साथ रेलवे बोर्ड स्तर पर भी उन्हें सम्मानित किया जाता है। अब तक बोर्ड स्तर पर आयोजित होनेवाले सम्मान समारोह में रेलवे कर्मचारी अपने ओहदे के अनुसार पास और संबंधित श्रेणी में सफर के हकदार थे।








ताजा निर्णय के अनुसार, अब ऐसे आयोजनों में शरीक होने के लिए उन्हें फ‌र्स्ट क्लास पास मिलेगा। इतना ही नहीं कर्मचारी अपनी पत्नी को भी साथ ले जा सकेंगे जो उस यादगार पल की गवाह बनेगी। इस संबंध में रेलवे बोर्ड के उप निदेशक स्थापना कल्याण वी मुरलीधरन ने आदेश जारी कर दिया है। राजधानी, दुरंतो और शताब्दी में यात्रा की अनुमति अपने जिस कर्मचारी को पुरस्कृत करने के लिए रेलवे बोर्ड आमंत्रित किया जाएगा, उसे राजधानी, दुरंतो और शताब्दी में फ‌र्स्ट एसी में यात्रा की अनुमति दी जाएगी। संबंधित अधिकारी स्पेशल ड्यूटी चेक पास जारी करेंगे जिसकी वैधता सिर्फ 15 दिनों की होगी।




सेंट्रल रेलवे स्टेशन पर कर्मचारियों ने दीवारों पर लिखे आपत्तिजनक नारे

कानपुर: नार्थ सेंट्रल रेलवे इम्पलाइज संघ (एनसीआरईएस) और रेलवे के बिजली विभाग के बीच ठन गई है। एनसीआरईएस ने बिजली विभाग के खिलाफ आंदोलन शुरू कर दिया है। बिजली विभाग और एनसीआरईएस में ताजा विवाद विभाग में मुख्य इंचार्ज के चार्ज को लेकर है। संघ के मंडलीय अध्यक्ष मान सिंह ने बताया कि वरिष्ठ सुपरवाइजरों को नजरदंाज करके सबसे कनिष्ठ को इंचार्ज बना दिया गया है।




मौजूदा इंचार्ज अपने अधिकारों का दुरुपयोग कर रहे हैं। ठेकेदारों को मनमाने तरीके से लाभ पहुंचाया जा रहा है। रेलवे कर्मचारियों पर दबाव डालकर ठेकों का काम कराया जाता है। रेलवे की आवासीय कालोनियों में मार्ग प्रकाश व्यवस्था की हालात खराब हैं। बार-बार शिकायत के बावजूद सीनियर डीईई द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। इसके खिलाफ संघ ने गुरुवार को स्टेशन डायरेक्टर कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया और आपत्तिजनक नारों से दीवारें पोत दीं। इस मौके पर एके राय, धीरेंद्र प्रताप सिंह, शाखा अध्यक्ष अजय प्रताप सिंह, शाखा सचिव गोविंद रंजन सिंह, अनूप यादव, संजय सागर, हरिपाल सिंह यादव आदि मौजूद रहे।

कार्यालय की दीवारों पर आपत्तिजनक नारे लिखने के मामले में एनसीआरईएस के कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई होगी। स्टेशन डायरेक्टर डॉ. जितेंद्र कुमार ने बताया कि डीआरएम अमिताभ ने सीसीटीवी कैमरों की मदद से दोषी कर्मचारियों को चिन्हित करके उन्हें दंडित करने को आदेश दिया है।