रेलवे यात्रा के लिए तत्काल टिकट कोटा, खुलने के मिनट भर के अंदर ही भर जाने पर अगर आपको किसी बुकिंग घोटाले की आशंका नजर आती है तो यह शक सही है। गुजरात रेलवे पुलिस ने एक ऐसे ही टिकट बुकिंग रैकेट का भंडाफोड़ किया है। इस रैकेट को रेलवे के ही एक कर्मचारी की पत्नी चलाती थी।








रेलवे यात्रा के लिए तत्काल टिकट कोटा, खुलने के मिनट भर के अंदर ही भर जाने पर अगर आपको किसी बुकिंग घोटाले की आशंका नजर आती है तो यह शक सही है। गुजरात रेलवे पुलिस ने एक ऐसे ही टिकट बुकिंग रैकेट का भंडाफोड़ किया है। इस रैकेट को रेलवे के ही एक कर्मचारी की पत्नी चलाती थी। आरोपी महिला तत्काल टिकट बुक करने के लिए एक स्पेशल सॉफ्टवेयर का प्रयोग करती थी, जो कि आईआरसीटीसी ऑनलाइन बुकिंग सिक्यॉरिटी सिस्टम को तोड़ने के लिए डिजाइन किया गया था। इसमें एक पर्सनल आईआरसीटीसी आईडी के प्रयोग से कई सारे टिकट एक ही बार में बुक हो जाते थे। आरोपी महिला का पति रेलवे के अहमदाबाद डिविजन के कमर्शल विभाग में कार्यरत है।




रेलवे सुरक्षा बल (क्राइम ब्रांच) के इंस्पेक्टर एस. डी. यादव ने बताया कि गुप्त सूचना के बाद पुलिस ने रमोल इलाके में छापेमारी की, जहां आरोपी महिला आईआरसीटीसी की पर्सनल आईडी से कई सारे टिकट बुक कर रही थी। आरोपी एक स्पेशल बुकिंग सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल कर रही थी, जिससे उसे तुरंत ही कन्फर्म टिकट मिल जा रहा था।

इंस्पेक्टर यादव ने बताया, ‘कोई कितनी भी सक्रियता दिखाए, लेकिन एक तत्काल टिकट बुक करने के बाद दूसरा टिकट बुक कराना लगभग मुश्किल ही होता है। एजेंट भी निश्चित समय के बाद ही टिकट बुक करा सकते हैं। आरोपी रजिस्टर्ड एजेंट भी नहीं है, लेकिन आरोपी महिला के सभी टिकट कन्फर्म बुक हो जाते थे। वह स्पेशल सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल करती थी।’



छापेमारी के दौरान आरपीएफ के जवानों को आठ तत्काल टिकट मिले, जो शुक्रवार को डिपार्ट होने वाले थे। इन सभी टिकट्स का मूल्य 23 हजार 640 रुपए था। जांच में पता चला कि आरोपी ने 1 जनवरी से 21 जून के बीच 1402 ई-टिकट बुक कराए। इन सभी टिकटों का मूल्य कुल मिलाकर 33.30 लाख है।

आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। उसके सॉफ्टवेयर सिस्टम की जांच की जा रही है। आरपीएफ अधिकारी इस बात की जांच भी करेंगे कि महिला का पति इस बुकिंग रैकेट में शामिल था या नहीं।

Source:- NBT