रेल प्रशासन ने स्टेशनों की सफाई व सुविधाओं में रैंक देने के बाद अब ट्रेनों की भी स्वच्छता को परखकर रैंकिंग करने का निर्णय लिया है। रेलवे द्वारा पहली बार देशभर की 210 महत्वपूर्ण ट्रेनों का सर्वे कराया जा रहा है। इन ट्रेनों की कुल 475 रैकों की स्वच्छता की बारीकी से जांच करायी जानी है। इसकी जांच का जिम्मा आईआरसीटीसी को सौंपा गया है।








आईआरसीटीसी को इन ट्रेनों का निरीक्षण व सर्वे की जवाबदेही रेलवे के विशेष विभाग ने दी है। आंकड़ों के विश्लेषण व रिपोर्ट बनाने की जवाबदेही आईपीएओएस नामक संस्था को दी गई है। जुलाई तक सर्वे रिपोर्ट देने का आदेश दिया गया है। .




कैसे होगा आकलन : कोच की सफाई, ऑन बोर्ड सफाई मसलन शौचालयों की स्वच्छता, उनकी वस्तुस्थिति, उपकरणों की दशा, श्रमिकों की उपस्थिति, उनकी कार्य प्रणाली व यात्रियों के प्रति उनका व्यवहार आदि की जांच की जानी है। इसके अलावा दरवाजा, कूड़ेदान, लीनेन, कीट प्रबंधन, पानी की उपलब्धता, अपशिष्ट प्रबंधन व ऑन बोर्ड हाउस कीपिंग कर्मियों द्वारा स्टेशन आगमन पर ट्रेन की दशा का आकलन स्वच्छता के मापदंडों में शामिल किया जाएगा।




मालूम हो कि स्वच्छता व अन्य सुविधाओं के मामले में रेलवे ने हाल ही में देशभर के स्टेशनों का सर्वे कराकर रैंकिंग जारी की है। इस संबंध में पूछे जाने पर रेलवे बोर्ड के डायरेक्टर (पब्लिसिटी) वेद प्रकाश ने कहा कि स्टेशनों की स्वच्छता रैंकिंग के बाद रेलवे पहली दफा ट्रेनों की स्वच्छता को लेकर सर्वे कार्य करा रहा है। .