रेलवे में टीटीई के लिए बने रनिंग रूम बदहाल होते जा रहे हैं। रात भर ट्रेन में चेकिंग करने के बाद जब टीटीई रनिंग रूम में पहुंचते हैं तो यहां पर उनको सोने के लिए पुरानी चादरें और कम्बल दिए जा रहे हैं। शुक्रवार को पूर्वोत्तर रेलवे लखनऊ मंडल के चेकिंग स्टॉफ ने अपना दर्द एडीआरएम के सामने बयान किया। वहीं, एडीआरएम मुकेश व सीनियर डीसीएम स्वदेश कुमार सिंह व एसीएम प्रथम एपी सिंह ने उनको समस्याएं जल्द हल किए जाने का आश्वासन दिया है।








इसके अलावा रेलवे बोर्ड के सक्षम प्रोजेक्ट के तहत टीटीई को यात्रियों से बेहतर संवाद करने के गुर भी सिखाए गए। रेलवे बोर्ड के प्रोजेक्ट सक्षम के तहत शुक्रवार को पूर्वोत्तर रेलवे मंडल सभागार में टीटीई कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसमें चेकिंग स्टॉफ को ट्रेन व प्लेटफार्म पर चेकिंग के दौरान यात्रियों से कैसा व्यवहार करना है।




इसके बारे में बताया गया। समय पर रेलवे के अधिकारी इसकी जांच भी करेंगे। जिसकी रिपोर्ट वह रेलवे बोर्ड में भेजेंगे। इसके अलावा टीटीई ने अपनी समस्याओं से भी अधिकारियों को रूबरू कराया। उन्होंने कहा कि गार्ड व लोको पायलट की तरह चेकिंग स्टॉफ को खाने की व्यवस्था देना चाहिए।




साथ ही रनिंग रूम में आरओ प्यूरिफायर भी लगाने की मांग की। स्टॉफ ने बताया कि रनिंग रूम के बेड काफी पुराने हो गए हैं। जिनकी मरम्मत की जाना बहुत ही जरुरी है। वहीं, रेलवे अधिकारियों ने रनिंग स्टॉफ की समस्या जल्द हल करने का आश्वासन दिया।