रेलवे के उच्च अधिकारियों के स्वागत में अब अधिकारी और कर्मचारियों का अमला बेवजह परेशान नहीं होगा। रेलवे स्टेशन पर उनके आगमन पर आवभगत की जिम्मेदारी स्टेशन अधीक्षक, सहायक स्टेशन अधीक्षक व सहायक स्टेशन मास्टर की होगी। रेलवे बोर्ड चेयरमैन ने प्रोटोकॉल ड्यूटी को लेकर दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। 1रेलवे स्टेशनों पर टिकट चेकिंग स्टाफ और वाणिज्य निरीक्षकों को वाणिज्य विभाग के अधिकारियों के आगमन और प्रस्थान पर उनकी प्रोटोकॉल ड्यूटी में लगाया जाता है। इस पर तत्काल रोक लगाने का निर्देश सीनियर डीसीएम को दिया गया है। हालांकि यह भी स्पष्ट कर दिया है कि वाणिज्य विभाग के वरीय अधिकारी निरीक्षण के दौरान मौजूदा व्यवस्था ही प्रभावी रहेगी।








>उच्च अधिकारियों के आगमन-प्रस्थान पर बेवजह परेशान नहीं होंगे कर्मचारी

>जंक्शन पर स्टेशन मास्टर व सहायक स्टेशन मास्टर को मिली जिम्मेदारी

>प्रोटोकॉल को लेकर रेलवे बोर्ड चेयरमैन ने जारी किया दिशा-निर्देश

जीएम-डीआरएम के नाम पर आरक्षित नहीं होंगे अतिथिगृह

 रेलवे के जीएम और डीआरएम के नाम पर अतिथि गृह और हॉलिडे होम का आरक्षण नहीं होगा। इस व्यवस्था पर तत्काल रोक लगाई जाए। यह निर्देश रेलवे बोर्ड के चेयरमैन अश्विनी लोहानी ने देशभर के सभी महाप्रबंधकों को जारी किया है। सीआरबी की ओर से जारी निर्देश में कहा गया है कि अधिकारी विश्रमगृह और अतिथिगृह के जीएम, डीआरएम, एजीएम और एसडीजीएम के नाम पर आरक्षित कर दिया जाता है जबकि कमरे उपलब्ध रहते हैं। इस वजह से अन्य अधिकारियों को परेशानियों से गुजरना पड़ता है। अत्यंत आवश्यक होने पर एक-दो कमरे स्पेशल अलॉटमेंट कोटा के तहत आरक्षित किए जाएं। अन्य कमरे आवश्यकतानुसार उपलब्ध कराएं जाएं।





कैटरिंग स्टॉलों से फ्री खान-पान सेवाओं पर रोक1वाणिज्य विभाग के अधिकारी अगर किसी स्टेशन के कैटरिंग स्टॉल से खानपान सेवा लेते हैं तो संचालक को निर्धारित शुल्क चुकाना होगा। अधिकारियों के निरीक्षण के दौरान अगर सामूहिक तौर पर यह सेवा ली जाती है तो राशि स्वीकृत कराकर संचालक को भुगतान करना होगा।



नहीं ढोएंगे अफसरों के सामान

वाणिज्य विभाग के अधिकारियों का सामान ड्यूटी के दौरान लाइसेंसी पोर्टर टेन में चढ़ाएंगे और उतारेंगे।rail-officer-st पर यह सुविधा मुफ्त नहीं होगी बल्कि टैरिफ के अनुसार पोर्टर शुल्क चुकाना होगा।