सातवाँ वेतन आयोग – इन कर्मचारियों को खुशखबरी, सरकार ने अहम प्रस्ताव को दी मंजूरी

| July 2, 2019

सातवाँ वेतन आयोग – इन कर्मचारियों को खुशखबरी, सरकार ने अहम प्रस्ताव को दी मंजूरी, उधर, मुंबई विवि के टीचर्स समेत महाराष्ट्र फेडरेशन ऑफ यूनिवर्सिटी कॉलेज टीचर्स ऑर्गनाइजेशन (एमएफयूसीटीओ) के सदस्यों ने सोमवार को आजाद मैदान में धरना शुरू कर दिया। ऐसा इसलिए, क्योंकि विवि सातवें वेतन आयोग की सिफारिशें लागू करने में नाकाम रहा।








राजस्थान में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार ने सूबे के पांच कृषि विश्वविद्यालयों और एक पशु विज्ञान विवि में टीचर्स, हेड लाइब्रेरियंस और फिजिकल एजुकेशन डायरेक्टर्स के लिए नए पे-स्केल से जुड़े प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी है। ऐसे में अब से इन्हें सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों के तहत निर्धारित पे स्केल के हिसाब से वेतन मिलेगा। सूत्रों के हवाले से इस बात की पुष्टि हाल ही में कई मीडिया रिपोर्ट्स में भी की गई।




24 जून को आधिकारिक बयान में कहा गया कि सीएम गहलोत ने नए पे स्केल से जुड़े प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है, जो कि एक जनवरी, 2017 से प्रभाव में आएगा। एक जनवरी 2017 से 31 दिसंबर 2018 के बीच का एरियर भी कर्मचारियों के प्रॉविडेंट फंड खातों में जमा कराया जाएगा।

इसी बीच, यह भी कहा गया कि जो टीचर एक जनवरी 2004 के बाद सेवा में आए, उन्हें तीन किश्तों में एरियर चुकाया जाएगा। यह रकम 30: 30: 40 के अनुपात में होगी और क्रमशः एक जुलाई, 2019, एक अक्टूबर 2019 और एक जनवरी 2020 को दी जाएगी।





p style=”text-align: justify;”>बयान में आगे बताया गया, नया पे स्केल राजस्थान पशु चिकित्सा और पशु विज्ञान विवि, स्वामी केशवानंद राजस्थान कृषि विवि (ये दोनों बीकानेर में), महाराणा प्रताप कृषि विवि (उदयपुर), कृषि विवि (जोधपुर), कृषि विवि (कोटा) और जयपुर के जोबनेर स्थित श्री कर्ण नरेंद्र कृषि विवि के लिए लागू किया गया है।

Category: Seventh Pay Commission

About the Author ()

Comments are closed.