एससी-एसटी वर्ग के केंद्रीय कर्मियों को फिलहाल राहत नहीं

| November 4, 2017

नई दिल्ली1एससी-एसटी वर्ग के केंद्रीय कर्मियों को फिलहाल प्रोन्नति में आरक्षण का लाभ नहीं मिलेगा। उन्हें सुप्रीम कोर्ट से कोई अंतरिम राहत नहीं मिली। प्रोन्नति में आरक्षण रद करने का दिल्ली हाईकोर्ट का आदेश कायम है। शुक्रवार को न्यायमूर्ति कुरियन जोसेफ व न्यायमूर्ति आर. भानुमति की पीठ ने मामले में कोई भी आदेश जारी करने से इन्कार करते हुए केस को 13 नवंबर को महाराष्ट्र के मामले के साथ मुख्य न्यायाधीश की पीठ के समक्ष सुनवाई पर लगाने का आदेश दिया।








दिल्ली हाईकोर्ट ने गत 23 अगस्त को केंद्र सरकार के कार्मिक एवं पेंशन विभाग का 13 अगस्त 1997 का आदेश (आफिस मेमोरेन्डम) रद कर दिया था। इसमें एससी-एसटी वर्ग के केंद्रीय कर्मियों को प्रोन्नति में आरक्षण के प्रावधान थे। हाईकोर्ट के इस फैसले के बाद से केंद्रीय नौकरियों में प्रोन्नति में आरक्षण खत्म हो गया है। सेंट्रल सेकरेटिएट एससी-एसटी एम्पलाइज एसोसिएशन ने इस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है।




शुक्रवार को जब मामला सुनवाई पर आया तो जस्टिस जोसेफ की पीठ को बताया गया कि प्रोन्नति में आरक्षण पर महाराष्ट्र राज्य की याचिका पर 13 नवंबर को मुख्य न्यायाधीश की पीठ में सुनवाई होनी है। इस पर जस्टिस जोसेफ की पीठ ने इस याचिका को भी उसी के साथ लगाने का आदेश दिया। लेकिन इस बीच याचिकाकर्ता के वकील ने अंतरिम आदेश की मांग करते हुए कहा कि तब तक हाई कोर्ट के आदेश पर रोक लगा दी जाए। कम से कम यथास्थिति के आदेश दें।




लेकिन कोर्ट तैयार नहीं हुआ और कहा कि वे तो याचिका पर नोटिस तक जारी नहीं कर रहे हैं। 10 दिन में कुछ नहीं हो जाएगा। 13 नवंबर को तो सुनवाई होनी है।1एसोसिएशन ने याचिका में कहा है कि हाईकोर्ट ने आदेश देते समय कई पहलुओं पर ध्यान नहीं दिया है। एम. नागराज के फैसले के बाद सरकार ने अटार्नी जनरल की राय ली थी और एजी ने राय में कहा था कि ये फैसला सलाह मात्र है ।

sc st promotion st

Tags:

Category: News

About the Author ()

Comments are closed.